शधाणूं 24:12 - कुल्वी12 होर तिन्हैं हांऊँ न मन्दिरा न, न आराधनालय न, न नगरा न कौसी सैंघै वहस केरदा होर भीड़ लाँदा हेरू। Viz kapitolaबाघली सराज़ी नऊंअ बधान12 और इनै नां भाल़अ हुंह मांदरै, नां आराधना सभा दी और नां नगरी दी कसा संघै हठल़दअ और नां लोगा कठा करदअ भाल़अ? Viz kapitolaईनर सराजी मे नया नियम12 त्याहे हाँऊ ना मंदिरा, ना प्रार्थना घरे , ना नगरा में कासु संघे बिबादा करदअ या भीड़ लांऊदअ हेरू; Viz kapitola |