शधाणूं 22:11 - कुल्वी11 ज़ैबै तेई प्याशै री महिमा री बजहा न मूँ न किछ़ नी हेरुआ ता हांऊँ आपणै सैंघी रा हौथ ढौकिया दमिश्क शैहरा बै आऊ। Viz kapitolaबाघली सराज़ी नऊंअ बधान11 ज़ांऊं हुंह तेऊ प्रैशे झ़ामणा करै कांणअ हुअ ता हुंह पुजअ आपणैं तिन्नां साथीए हाथ ढाकी करै दमिश्क नगरी। Viz kapitolaईनर सराजी मे नया नियम11 तेबा तेऊ प्रयाशे रे तेज हूंणे री बजहा माह किच्छे नांई हेरू होर आपणे संघी रअ हाथ ढाहकी करे दमिश्का में पूजअ। Viz kapitola |