2 कुरिन्थी 6:6 - कुल्वी6 पवित्रता न, ज्ञाना न, धीरजा न, कृपालु बनाणै न, पवित्र आत्मा न सच़ी झ़ुरी। Viz kapitolaबाघली सराज़ी नऊंअ बधान6 और पबित्र रही करै, ज्ञैना करै, सबर करनै करै, झींण करै, और पबित्र आत्मां करै, दुजै लै सच्च़ी झ़ूरी करी, Viz kapitolaईनर सराजी मे नया नियम6 पवित्रता का, ज्ञाना का, धिरजा का, कृपालुता का, पवित्र आत्मा का, Viz kapitola |