2 कुरिन्थी 1:5 - कुल्वी5 किबैकि ज़ैण्ढै मसीह रै दुःख आसै सौहा सी, तैण्ढै ही मसीहै दुःख सौहू, ऐण्ढी तैरहा मसीह रै ज़रियै आसरी शान्ति बी बोहू होआ सा। Viz kapitolaबाघली सराज़ी नऊंअ बधान5 ज़िहै हाम्हैं मसीहे दुखा दी खास्सै साझ़ू हआ, तिहै ई हआ हाम्हैं शांती दी बी मसीहा संघै साझ़ू। Viz kapitolaईनर सराजी मे नया नियम5 किबेकि जेड़ा हामे मसीहा रे दुखा में हामें ज्यादा सहभागी हुँदा, तेहडी हामें शांति में भी मसीहा रे साबे ज्यादा सहभागी हुँदा। Viz kapitola |