मुकाशफ़ा 20:2 - इंडियन रिवाइज्ड वर्जन (IRV) उर्दू - 20192 उसने उस अज़दहा, या'नी पुराने साँप को जो इब्लीस और शैतान है, पकड़ कर हज़ार बरस के लिए बाँधा, Viz kapitolaउर्दू हमअस्र तरजुमा2 उस ने अज़दहा यानी पुराने सांप को जो इब्लीस और शैतान है पकड़ा और उसे एक हज़ार साल के लिये बांधा। Viz kapitolaकिताब-ए मुक़द्दस2 उसने अज़दहे यानी क़दीम साँप को जो शैतान या इबलीस कहलाता है पकड़कर हज़ार साल के लिए बाँध लिया। Viz kapitola |