मुकाशफ़ा 14:7 - इंडियन रिवाइज्ड वर्जन (IRV) उर्दू - 20197 और उसने बड़ी आवाज़ से कहा, “ख़ुदा से डरो और उसकी बड़ाई करो, क्यूँकि उसकी 'अदालत का वक़्त आ पहुँचा है; और उसी की इबादत करो जिसने आसमान और ज़मीन और समुन्दर और पानी के चश्मे पैदा किए।” Viz kapitolaउर्दू हमअस्र तरजुमा7 उस ने बड़ी बुलन्द आवाज़ से कहा, “ख़ुदा से डरो और उस की तम्जीद करो क्यूंके उस की अदालत का वक़्त आ पहुंचा है। उसी को सज्दा करो जिस ने आसमान, ज़मीन, समुन्दर और पानी के चश्मे बनाये हैं।” Viz kapitolaकिताब-ए मुक़द्दस7 उसने ऊँची आवाज़ से कहा, “ख़ुदा का ख़ौफ़ मानकर उसे जलाल दो, क्योंकि उस की अदालत का वक़्त आ गया है। उसे सिजदा करो जिसने आसमानों, ज़मीन, समुंदर और पानी के चश्मों को ख़लक़ किया है।” Viz kapitola |