मुकाशफ़ा 11:4 - इंडियन रिवाइज्ड वर्जन (IRV) उर्दू - 20194 ये वही ज़ैतून के दो दरख़्त और दो चिराग़दान हैं जो ज़मीन के ख़ुदावन्द के सामने खड़े हैं। Viz kapitolaउर्दू हमअस्र तरजुमा4 यह दो गवाह “ज़ैतून के वह दो दरख़्त” और वह दो चिराग़दान हैं, जो “ज़मीन के ख़ुदावन्द के हुज़ूर में खड़े हैं।” Viz kapitolaकिताब-ए मुक़द्दस4 यह दो गवाह ज़ैतून के वह दो दरख़्त और वह दो शमादान हैं जो दुनिया के आक़ा के सामने खड़े हैं। Viz kapitola |