मुकाशफ़ा 11:18 - इंडियन रिवाइज्ड वर्जन (IRV) उर्दू - 201918 और क़ौमों को ग़ुस्सा आया, और तेरा ग़ज़ब नाज़िल हुआ, और वो वक़्त आ पहुँचा है कि मुर्दों का इन्साफ़ किया जाए, और तेरे बन्दों, नबियों और मुक़द्दसों और उन छोटे बड़ों को जो तेरे नाम से डरते हैं बदला दिया जाए और ज़मीन के तबाह करने वालों को तबाह किया जाए।” Viz kapitolaउर्दू हमअस्र तरजुमा18 और क़ौमों को ग़ुस्सा आया, और तेरा ग़ज़ब नाज़िल हुआ। और वो वक़्त आ पहुंचा है के मुर्दों का इन्साफ़ किया जाये, और तेरे ख़ादिमो, नबियों और मुक़द्दसीन और उन सब छोटे बड़ों को जो ख़ुदा के नाम की ताज़ीम करते हैं उन्हें अज्र दिया जाये और ज़मीन को तबाह करने वालों को तबाह कर दिया जाये।” Viz kapitolaकिताब-ए मुक़द्दस18 क़ौमें ग़ुस्से में आईं तो तेरा ग़ज़ब नाज़िल हुआ। अब मुरदों की अदालत करने और अपने ख़ादिमों को अज्र देने का वक़्त आ गया है। हाँ, तेरे नबियों, मुक़द्दसीन और तेरा ख़ौफ़ माननेवालों को अज्र मिलेगा, ख़ाह वह छोटे हों या बड़े। अब वह वक़्त भी आ गया है कि ज़मीन को तबाह करनेवालों को तबाह किया जाए।” Viz kapitola |