अम्सा 29:2 - इंडियन रिवाइज्ड वर्जन (IRV) उर्दू - 20192 जब सादिक़ इकबालमंद होते हैं, तो लोग ख़ुश होते हैं लेकिन जब शरीर इख़्तियार पाते हैं तो लोग आहें भरते हैं। Viz kapitolaकिताब-ए मुक़द्दस2 जब रास्तबाज़ बहुत हैं तो क़ौम ख़ुश होती, लेकिन जब बेदीन हुकूमत करे तो क़ौम आहें भरती है। Viz kapitola |