मत्ती 23:23 - इंडियन रिवाइज्ड वर्जन (IRV) उर्दू - 201923 “ऐ रियाकार; आलिमों और फ़रीसियो तुम पर अफ़सोस कि पुदीना सौंफ़ और ज़ीरे पर तो दसवाँ हिस्सा देते हो, पर तुम ने शरी'अत की ज़्यादा भारी बातों या'नी इन्साफ़, और रहम, और ईमान को छोड़ दिया है; लाज़िम था ये भी करते और वो भी न छोड़ते।” Viz kapitolaउर्दू हमअस्र तरजुमा23 “ऐ शरीअत के आलिमों और फ़रीसियों! ऐ रियाकारों! तुम पर अफ़सोस, क्यूंके तुम पोदीना, सौंफ़ और ज़ीरा का दसवां हिस्सा तो ख़ुदा के नाम पर देते हो लेकिन शरीअत की ज़्यादा वज़्नी बातों यानी इन्साफ़, और रहमदिली और ईमान को फ़रामोश कर बैठे हो। तुम्हें लाज़िम था के ये भी करते और वह भी न छोड़ते। Viz kapitolaकिताब-ए मुक़द्दस23 शरीअत के आलिमो और फ़रीसियो, तुम पर अफ़सोस! रियाकारो! गो तुम बड़ी एहतियात से पौदीने, अजवायन और ज़ीरे का दसवाँ हिस्सा हदिये के लिए मख़सूस करते हो, लेकिन तुमने शरीअत की ज़्यादा अहम बातों को नज़रंदाज़ कर दिया है यानी इनसाफ़, रहम और वफ़ादारी को। लाज़िम है कि तुम यह काम भी करो और पहला भी न छोड़ो। Viz kapitola |