याक़ूब 3:1 - इंडियन रिवाइज्ड वर्जन (IRV) उर्दू - 20191 ऐ, मेरे भाइयों; तुम में से बहुत से उस्ताद न बनें क्यूँकि जानते हो कि हम जो उस्ताद हैं ज़्यादा सज़ा पाएँगे। Viz kapitolaउर्दू हमअस्र तरजुमा1 ऐ मेरे भाईयों और बहनों! तुम में से बहुत से लोग उस्ताद न बनें क्यूंके तुम जानते हो के हम उस्तादों की दूसरों के मुक़ाबला में ज़्यादा सख़्ती से इन्साफ़ किया जायेगा। Viz kapitolaकिताब-ए मुक़द्दस1 मेरे भाइयो, आपमें से ज़्यादा उस्ताद न बनें। आपको मालूम है कि हम उस्तादों की ज़्यादा सख़्ती से अदालत की जाएगी। Viz kapitola |