यसायाह 1:30 - इंडियन रिवाइज्ड वर्जन (IRV) उर्दू - 201930 और तुम उस बलूत की तरह हो जाओगे जिसके पत्ते झड़ जाएँ, और उस बाग़ की तरह जो बेआबी से सूख जाए। Viz kapitolaकिताब-ए मुक़द्दस30 तुम उस बलूत के दरख़्त की मानिंद होगे जिसके पत्ते मुरझा गए हों, तुम्हारी हालत उस बाग़ की-सी होगी जिसमें पानी नायाब हो। Viz kapitola |