गलतियों 3:3 - इंडियन रिवाइज्ड वर्जन (IRV) उर्दू - 20193 क्या तुम ऐसे नादान हो कि पाक रूह के तौर पर शुरू करके अब जिस्म के तौर पर काम पूरा करना चाहते हो? Viz kapitolaउर्दू हमअस्र तरजुमा3 तुम किस क़दर नादान हो? पाक रूह की मदद से शुरू किये हुए काम को अब जिस्मानी कोशिश से पूरा करना चाहते हो? Viz kapitolaकिताब-ए मुक़द्दस3 क्या आप इतने बेसमझ हैं? आपकी रूहानी ज़िंदगी रूहुल-क़ुद्स के वसीले से शुरू हुई। तो अब आप यह काम अपनी इनसानी कोशिशों से किस तरह तकमील तक पहुँचाना चाहते हैं? Viz kapitola |