हिज़क़ियेल 48:1 - इंडियन रिवाइज्ड वर्जन (IRV) उर्दू - 20191 और क़बीलों के नाम यह हैं: इन्तिहा — ए — उत्तर पर हतल्लून के रास्ते के साथ साथ हमात के मदख़ल से होते हुए हसर 'ऐनान तक, जो दमिश्क़ की उत्तरी सरहद पर हमात के पास है, पूरब से पच्छिम तक दान के लिए एक हिस्सा। Viz kapitolaकिताब-ए मुक़द्दस1-7 इसराईल की शिमाली सरहद बहीराए-रूम से शुरू होकर मशरिक़ की तरफ़ हतलून, लबो-हमात और हसर-एनान के पास से गुज़रती है। दमिश्क़ और हमात सरहद के शिमाल में हैं। हर क़बीले को मुल्क का एक हिस्सा मिलेगा। हर ख़ित्ते का एक सिरा मुल्क की मशरिक़ी सरहद और दूसरा सिरा मग़रिबी सरहद होगा। शिमाल से लेकर जुनूब तक क़बायली इलाक़ों की यह तरतीब होगी : दान, आशर, नफ़ताली, मनस्सी, इफ़राईम, रूबिन और यहूदाह। Viz kapitola |