इस्तिसना 33:13 - इंडियन रिवाइज्ड वर्जन (IRV) उर्दू - 201913 और यूसुफ़ के हक़ में उसने कहा, “उसकी ज़मीन ख़ुदावन्द की तरफ़ से मुबारक हो, आसमान की बेशक़ीमत अशया और शबनम और वह गहरा पानी जो नीचे है, Viz kapitolaकिताब-ए मुक़द्दस13 यूसुफ़ की बरकत : रब उस की ज़मीन को बरकत दे। आसमान से क़ीमती ओस टपके और ज़मीन के नीचे से चश्मे फूट निकलें। Viz kapitola |