दानियाल 7:1 - इंडियन रिवाइज्ड वर्जन (IRV) उर्दू - 20191 शाह — ए — बाबुल बेलशज़र के पहले साल में दानीएल ने अपने बिस्तर पर ख़्वाब में अपने सिर के दिमाग़ी ख़्यालात की रोया देखी। तब उसने उस ख़्वाब को लिखा, और उन ख़्यालात का मुकम्मल बयान किया। Viz kapitolaकिताब-ए मुक़द्दस1 शाहे-बाबल बेलशज़्ज़र की हुकूमत के पहले साल में दानियाल ने ख़ाब में रोया देखी। जाग उठने पर उसने वह कुछ क़लमबंद कर लिया जो ख़ाब में देखा था। ज़ैल में इसका बयान है, Viz kapitola |