2 कुरि 3:15 - इंडियन रिवाइज्ड वर्जन (IRV) उर्दू - 201915 मगर आज तक जब कभी मूसा की किताब पढ़ी जाती है तो उनके दिल पर पर्दा पड़ा रहता है। Viz kapitolaउर्दू हमअस्र तरजुमा15 आज तक जब कभी शरीअत-ए-मूसवी की किताब पढ़ी जाती है, उन के दिलों पर वोही पर्दा पड़ा रहता है। Viz kapitolaकिताब-ए मुक़द्दस15 हाँ, आज तक जब मूसा की शरीअत पढ़ी जाती है तो यह निक़ाब उनके दिलों पर पड़ा रहता है। Viz kapitola |