1 कुरि 14:1 - इंडियन रिवाइज्ड वर्जन (IRV) उर्दू - 20191 मुहब्बत के तालिब हो और रूहानी ने'मतों की भी आरज़ू रखो खुसूसन इसकी नबुव्वत करो। Viz kapitolaउर्दू हमअस्र तरजुमा1 महब्बत के तालिब रहो और रूहानी नेमतों के हासिल करने का भी शौक़ रखो, ख़ासतौर पर नुबुव्वत करने की नेमत का। Viz kapitolaकिताब-ए मुक़द्दस1 मुहब्बत का दामन थामे रखें। लेकिन साथ ही रूहानी नेमतों को सरगरमी से इस्तेमाल में लाएँ, ख़ुसूसन नबुव्वत की नेमत को। Viz kapitola |