1 कुरि 12:17 - इंडियन रिवाइज्ड वर्जन (IRV) उर्दू - 201917 अगर सारा बदन आँख ही होता तो सुनना कहाँ होता? अगर सुनना ही सुनना होता तो सूँघना कहाँ होता? Viz kapitolaउर्दू हमअस्र तरजुमा17 अगर सारा बदन आंख ही होता तो वह कैसे सुनता? अगर सारा बदन कान ही होता तो वह कैसे सूंघता? Viz kapitolaकिताब-ए मुक़द्दस17 अगर पूरा जिस्म आँख ही होता तो फिर सुनने की सलाहियत कहाँ होती? अगर सारा बदन कान ही होता तो फिर सूँघने का क्या बनता? Viz kapitola |