रोमियों 3:5 - गढवली नयो नियम5 पर जु हमारा दुष्ट काम पिता परमेश्वर की धार्मिकता ठैरे दींदीनी, त हम क्य बोला? त क्य पिता परमेश्वर कु गुस्सा हूंण अर हम तैं दंड दींण गलत च (यु त मि मनिख्युं की रीति पर बुल्णु छो) Viz kapitolaGarhwali5 पर अगर जु हमरा गळत काम करण से पिता परमेस्वर की अच्छे और भि जादा साफ ह्वेके हमरा समणि औन्दी, त फिर परमेस्वर हम पर किलै गुस्सा होन्दु अर किलै हमतै दण्ड देन्दु? (अरे, यू सब त मनखियों का अपणा विचार छिन जु कि गळत छिन)। Viz kapitola |