दिब्य दरस 3:1 - गढवली नयो नियम1 सरदीस शहर की मण्डलि का दूत तैं लिख; “यु संदेश वेका तरपां बट्टी च जु सात गैणों तैं अपड़ा हथ मा ले के रखद अर जु पिता परमेश्वर का सात आत्माओं तैं भिजद, यु बुल्द कि मि जंणदु छो कि तू क्य करदी, कि तू मेरू विश्वासयोग्य विश्वासी प्रतीत त हूंदी, पर हकीकत मा तू अब मेरू अनुसरण नि करदी।” Viz kapitolaGarhwali1 अर फिर यीशु न मिकू इन बोलि कि, “सरदीस नगर मा रौण वळा बिस्वासी समुदाय का दूत खुणि इन लिख कि: “यीशु जैका पास परमेस्वर की सात आत्मा छिन अर सात गैंणा भि उ इन बुल्दु कि: “मि तुमरा कामों तैं जणदु छौं अर लोगु की नजर मा तुम ज्यून्दा त छाँ मगर छाँ तुम मुरयां का जन। Viz kapitola |