मत्ती 23:8 - गढवली नयो नियम8 पर तुम अफ तैं गुरु नि समझयां किलैकि तुमारो एक ही गुरु च अर तुम सभि विश्वासी भयों जन छा। Viz kapitolaGarhwali8 मगर तुम दुसरा लोगु बटि खुद तैं गुरु नि बुलवयां, किलैकि तुमरो एक ही गुरु च, अर तुम सब आपस मा भै छाँ। Viz kapitola |