लूका 5:23 - गढवली नयो नियम23 ठिक क्य च? क्य लकवा का रोगी कु इन बुल्ण कि तेरा पाप माफ हवेनि या इन बुल्ण कि उठ अपड़ी खाट उठै के चल? Viz kapitolaGarhwali23 यों दुई बातों मा बटि क्या बोन्न सरल च? क्या इन बोन्न, ‘तेरा पाप माफ ह्वे गैनी,’ या इन बोन्न कि ‘उठ, अर हिटण लगि जा?’ Viz kapitola |