रोमियों 7:15 - किताब-ए मुक़द्दस15 दर-हक़ीक़त मैं नहीं समझता कि क्या करता हूँ। क्योंकि मैं वह काम नहीं करता जो करना चाहता हूँ बल्कि वह जिससे मुझे नफ़रत है। Viz kapitolaइंडियन रिवाइज्ड वर्जन (IRV) उर्दू - 201915 और जो मैं करता हूँ उसको नहीं जानता क्यूँकि जिसका मैं इरादा करता हूँ वो नहीं करता बल्कि जिससे मुझको नफ़रत है वही करता हूँ। Viz kapitolaउर्दू हमअस्र तरजुमा15 में जो कुछ करता हूं उस का मुझे सही एहसास ही नहीं होता क्यूंके जो करना चाहता हूं उसे तो नहीं करता लेकिन जिस काम से नफ़रत है वोही कर लेता हूं। Viz kapitola |