रोमियों 1:12 - किताब-ए मुक़द्दस12 यानी आने का मक़सद यह है कि मेरे ईमान से आपकी हौसलाअफ़्ज़ाई की जाए और इसी तरह आपके ईमान से मेरा हौसला भी बढ़ जाए। Viz kapitolaइंडियन रिवाइज्ड वर्जन (IRV) उर्दू - 201912 ग़रज़ मैं भी तुम्हारे दर्मियान हो कर तुम्हारे साथ उस ईमान के ज़रिए तसल्ली पाऊँ जो तुम में और मुझ में दोनों में है। Viz kapitolaउर्दू हमअस्र तरजुमा12 मेरा मतलब ये है के मेरे ईमान से तुम्हारी और तुम्हारे ईमान से मेरी हौसला अफ़्ज़ाई हो। Viz kapitola |