अम्सा 7:2 - किताब-ए मुक़द्दस2 मेरे अहकाम के ताबे रह तो जीता रहेगा। अपनी आँख की पुतली की तरह मेरी हिदायत की हिफ़ाज़त कर। Viz kapitolaइंडियन रिवाइज्ड वर्जन (IRV) उर्दू - 20192 मेरे फ़रमान को बजा ला और ज़िन्दा रह, और मेरी ता'लीम को अपनी आँख की पुतली जानः Viz kapitola |