फ़िलिप्पियों 4:11 - किताब-ए मुक़द्दस11 मैं यह अपनी किसी ज़रूरत की वजह से नहीं कह रहा, क्योंकि मैंने हर हालत में ख़ुश रहने का राज़ सीख लिया है। Viz kapitolaइंडियन रिवाइज्ड वर्जन (IRV) उर्दू - 201911 ये नहीं कि मैं मोहताजी के लिहाज़ से कहता हूँ; क्यूँकि मैंने ये सीखा है कि जिस हालत में हूँ उसी पर राज़ी रहूँ Viz kapitolaउर्दू हमअस्र तरजुमा11 मैं यह इसलिये नहीं कह रहा हूं के मोहताज हूं, क्यूंके मैंने किसी भी हालात में राज़ी रहना सीख लिया है। Viz kapitola |