मरक़ुस 14:4 - किताब-ए मुक़द्दस4 हाज़िरीन में से कुछ नाराज़ हुए। “इतना क़ीमती इत्र ज़ाया करने की क्या ज़रूरत थी? Viz kapitolaइंडियन रिवाइज्ड वर्जन (IRV) उर्दू - 20194 मगर कुछ अपने दिल में ख़फ़ा हो कर कहने लगे “ये इत्र किस लिए ज़ाया किया गया। Viz kapitolaउर्दू हमअस्र तरजुमा4 मगर बाज़ में से कुछ लोग एक दूसरे से बरहम होकर दिल ही दिल में कहने लगे, “इत्र को इस तरह ज़ाए करने की क्या ज़रूरत थी? Viz kapitola |