मत्ती 18:9 - किताब-ए मुक़द्दस9 और अगर तेरी आँख तुझे गुनाह करने पर उकसाए तो उसे निकालकर फेंक देना। इससे पहले कि तुझे दो आँखों समेत जहन्नुम की आग में फेंका जाए बेहतर यह है कि एक आँख से महरूम होकर अबदी ज़िंदगी में दाख़िल हो। Viz kapitolaइंडियन रिवाइज्ड वर्जन (IRV) उर्दू - 20199 और अगर तेरी आँख तुझे ठोकर खिलाए तो उसे निकाल कर अपने से फेंक दे; काना हो कर ज़िन्दगी में दाख़िल होना तेरे लिए इससे बेहतर है कि दो आँखें रखता हुआ तू जहन्नुम कि आग में डाला जाए।” Viz kapitolaउर्दू हमअस्र तरजुमा9 और अगर तुम्हारी आंख तुम्हारे लिये ठोकर का बाइस बनती है तो, उसे निकाल कर फेंक दो। क्यूंके कान होकर ज़िन्दगी में दाख़िल होना दो आंखें होते जहन्नुम की आग में डाले जाने से बेहतर है। Viz kapitola |