मत्ती 18:7 - किताब-ए मुक़द्दस7 दुनिया पर उन चीज़ों की वजह से अफ़सोस जो गुनाह करने पर उकसाती हैं। लाज़िम है कि ऐसी आज़माइशें आएँ, लेकिन उस शख़्स पर अफ़सोस जिसकी मारिफ़त वह आएँ। Viz kapitolaइंडियन रिवाइज्ड वर्जन (IRV) उर्दू - 20197 ठोकरों की वजह से दुनिया पर अफ़्सोस है; क्यूँकि ठोकरों का होना ज़रूर है; लेकिन उस आदमी पर अफ़्सोस है; जिसकी वजह से ठोकर लगे।” Viz kapitolaउर्दू हमअस्र तरजुमा7 ठोकरों की वजह से दुनिया पर अफ़सोस है क्यूंके ठोकरें तो ज़रूर लगेंगी! लेकिन उस पर अफ़सोस है जिस की वजह से ठोकर लगे! Viz kapitola |