याक़ूब 4:12 - किताब-ए मुक़द्दस12 शरीअत देनेवाला और मुंसिफ़ सिर्फ़ एक ही है और वह है अल्लाह जो नजात देने और हलाक करने के क़ाबिल है। तो फिर आप कौन हैं जो अपने आपको मुंसिफ़ समझकर अपने पड़ोसी को मुजरिम ठहरा रहे हैं! Viz kapitolaइंडियन रिवाइज्ड वर्जन (IRV) उर्दू - 201912 शरी'अत का देने वाला और हाकिम तो एक ही है जो बचाने और हलाक करने पर क़ादिर है तू कौन है जो अपने पड़ोसी पर इल्ज़ाम लगाता है। Viz kapitolaउर्दू हमअस्र तरजुमा12 शरीअत का देने वाला और उस का मुन्सिफ़ सिर्फ़ एक ही है जो बचा भी सकता है और हलाक भी कर सकता है। लेकिन तू कौन है जो अपने पड़ोसी का मुन्सिफ़ बन बैठा है? Viz kapitola |