ख़ुरूज 29:41 - किताब-ए मुक़द्दस41 दूसरे जानवर के साथ भी ग़ल्ला और मै की यह दो नज़रें पेश की जाएँ। ऐसी क़ुरबानी की ख़ुशबू रब को पसंद है। Viz kapitolaइंडियन रिवाइज्ड वर्जन (IRV) उर्दू - 201941 और तू दूसरे बर्रे को ज़वाल और गु़रूब के बीच चढ़ाना और उसके साथ सुबह की तरह नज़्र की क़ुर्बानी और वैसा ही तपावन देना, जिससे वह ख़ुदावन्द के लिए राहतअंगेज़ ख़ुशबू और आतिशीन क़ुर्बानी ठहरे। Viz kapitola |