वाइज़ 8:6 - किताब-ए मुक़द्दस6 क्योंकि हर मामले के लिए मुनासिब वक़्त और इनसाफ़ की राह होती है। लेकिन मुसीबत इनसान को दबाए रखती है, Viz kapitolaइंडियन रिवाइज्ड वर्जन (IRV) उर्दू - 20196 इसलिए कि हर अम्र का मौक़ा' और क़ायदा है, लेकिन इंसान की मुसीबत उस पर भारी है। Viz kapitola |