रसूलों 6:9 - किताब-ए मुक़द्दस9 एक दिन कुछ यहूदी स्तिफ़नुस से बहस करने लगे। (वह कुरेन, इस्कंदरिया, किलिकिया और सूबा आसिया के रहनेवाले थे और उनके इबादतख़ाने का नाम लिबरतीनियोँ यानी आज़ाद किए गए ग़ुलामों का इबादतख़ाना था।) Viz kapitolaइंडियन रिवाइज्ड वर्जन (IRV) उर्दू - 20199 कि उस इबादतख़ाने से जो लिबिरतीनों का कहलाता है; और कुरेनियों शहर और इस्कन्दरियों क़स्बा और उन में से जो किलकिया और आसिया सूबे के थे, ये कुछ लोग उठ कर स्तिफ़नुस से बहस करने लगे। Viz kapitolaउर्दू हमअस्र तरजुमा9 उसी वक़्त आज़ादी पाये हुए यहूदी इबादतगाह के रुक्न में से (जैसा ये कहा जाता था) मुख़ालिफ़ उठ खड़े हुए कुरेनियों और इस्कन्दरियों के साथ-साथ किलकिया और आसिया के कुछ यहूदी मिल कर इस्तिफ़नुस से बहस करने लगे। Viz kapitola |