रसूलों 24:21 - किताब-ए मुक़द्दस21 सिर्फ़ यह एक जुर्म हो सकता है कि मैंने उस वक़्त उनके हुज़ूर पुकारकर यह बात बयान की, ‘आज मुझ पर इसलिए इलज़ाम लगाया जा रहा है कि मैं ईमान रखता हूँ कि मुरदे जी उठेंगे’।” Viz kapitolaइंडियन रिवाइज्ड वर्जन (IRV) उर्दू - 201921 सिवा इस बात के कि मैं ने उन में खड़े हो कर बुलन्द आवाज़ से कहा था कि मुर्दों की क़यामत के बारे में आज मुझ पर मुक़द्दमा हो रहा है। Viz kapitolaउर्दू हमअस्र तरजुमा21 सिवाए इस एक बात के जो मैंने खड़े होकर बुलन्द आवाज़ से कही थी: ‘ये आज तुम्हारे सामने मुझ पर मुर्दों की क़ियामत यानी मुर्दे फिर से जी उठेंगे के बारे में मुक़द्दमा चिल्लाया जा रहा है।’ ” Viz kapitola |