2 कुरि 7:15 - किताब-ए मुक़द्दस15 आप उसे निहायत अज़ीज़ हैं क्योंकि वह आप सबकी फ़रमाँबरदारी याद करता है, कि आपने डरते और काँपते हुए उसे ख़ुशआमदीद कहा। Viz kapitolaइंडियन रिवाइज्ड वर्जन (IRV) उर्दू - 201915 और जब उसको तुम सब की फ़रमाबरदारी याद आती है कि तुम किस तरह डरते और काँपते हुए उस से मिले तो उसकी दिली मुहब्बत तुम से और भी ज़्यादा होती जाती है। Viz kapitolaउर्दू हमअस्र तरजुमा15 जब उसे याद आता है के तुम किस क़दर फ़रमांबरदार निकले और किस तरह ख़ौफ़ खाते और थरथराते हुए उस से मिले थे तो उस का दिल तुम्हारी महब्बत से लबरेज़ हो जाता है। Viz kapitola |