2 कुरि 6:8 - किताब-ए मुक़द्दस8 हम अपनी ख़िदमत जारी रखते हैं, चाहे लोग हमारी इज़्ज़त करें चाहे बेइज़्ज़ती, चाहे वह हमारी बुरी रिपोर्ट दें चाहे अच्छी। अगरचे हमारी ख़िदमत सच्ची है, लेकिन लोग हमें दग़ाबाज़ क़रार देते हैं। Viz kapitolaइंडियन रिवाइज्ड वर्जन (IRV) उर्दू - 20198 इज़्ज़त और बे'इज़्ज़ती के वसीले से, बदनामी और नेक नामी के वसीले से, जो गुमराह करने वाले मा'लूम होते हैं फिर भी सच्चे हैं। Viz kapitolaउर्दू हमअस्र तरजुमा8 हमारी इज़्ज़त भी की जाती है और बेइज़्ज़ती भी, हम बदनाम हैं और नेकनाम भी, हम सच्चे हैं फिर भी हमें दग़ाबाज़ समझा जाता है; Viz kapitola |