1 कुरि 7:15 - किताब-ए मुक़द्दस15 लेकिन अगर ग़ैरईमानदार शौहर या बीवी अपना ताल्लुक़ मुंक़ते कर ले तो उसे जाने दें। ऐसी सूरत में ईमानदार भाई या बहन इस बंधन से आज़ाद हो गए। मगर अल्लाह ने आपको सुलह-सलामती की ज़िंदगी गुज़ारने के लिए बुलाया है। Viz kapitolaइंडियन रिवाइज्ड वर्जन (IRV) उर्दू - 201915 लेकिन मर्द जो बा'ईमान न हो अगर वो जुदा हो तो जुदा होने दो ऐसी हालत में कोई भाई या बहन पाबन्द नहीं और ख़ुदा ने हम को मेल मिलाप के लिए बुलाया है। Viz kapitolaउर्दू हमअस्र तरजुमा15 लेकिन अगर कोई ग़ैरमसीही शौहर या बीवी, मसीही बीवी या मसीही शौहर से अलग होना चाहे तो उसे अलग हो जाने दो। इस सूरत में कोई मसीही भाई या बहन पाबन्द नहीं; क्यूंके ख़ुदा ने हमें अमन से रहने के लिये बुलाया है। Viz kapitola |