1 कुरि 7:12 - किताब-ए मुक़द्दस12 दीगर लोगों को ख़ुदावंद नहीं बल्कि मैं नसीहत करता हूँ कि अगर किसी ईमानदार भाई की बीवी ईमान नहीं लाई, लेकिन वह शौहर के साथ रहने पर राज़ी हो तो फिर वह अपनी बीवी को तलाक़ न दे। Viz kapitolaइंडियन रिवाइज्ड वर्जन (IRV) उर्दू - 201912 बाक़ियों से मैं ही कहता हूँ न ख़ुदावन्द कि अगर किसी भाई की बीवी बा ईमान न हो और उस के साथ रहने को राज़ी हो तो वो उस को न छोड़े। Viz kapitolaउर्दू हमअस्र तरजुमा12 बाक़ी लोगों से ख़ुदावन्द का नहीं बल्के मेरा कहना यह है के अगर किसी मसीही भाई की बीवी ग़ैरमसीही हो मगर उस के साथ रहने पर राज़ी हो तो वह शौहर उसे न छोड़े। Viz kapitola |