1 कुरि 15:19 - किताब-ए मुक़द्दस19 चुनाँचे अगर मसीह पर हमारी उम्मीद सिर्फ़ इसी ज़िंदगी तक महदूद है तो हम इनसानों में सबसे ज़्यादा क़ाबिले-रहम हैं। Viz kapitolaइंडियन रिवाइज्ड वर्जन (IRV) उर्दू - 201919 अगर हम सिर्फ़ इसी ज़िन्दगी में मसीह में उम्मीद रखते हैं तो सब आदमियों से ज़्यादा बदनसीब हैं। Viz kapitolaउर्दू हमअस्र तरजुमा19 अगर अलमसीह पर ईमान लाने से हमारी उम्मीद सिर्फ़ इसी ज़िन्दगी तक महदूद है, तो हम तमाम इन्सानों से ज़्यादा बदनसीब हैं। Viz kapitola |