1 कुरि 15:10 - किताब-ए मुक़द्दस10 लेकिन मैं जो कुछ हूँ अल्लाह के फ़ज़ल ही से हूँ। और जो फ़ज़ल उसने मुझ पर किया वह बेअसर न रहा, क्योंकि मैंने उन सबसे ज़्यादा जाँफ़िशानी से काम किया है। अलबत्ता यह काम मैंने ख़ुद नहीं बल्कि अल्लाह के फ़ज़ल ने किया है जो मेरे साथ था। Viz kapitolaइंडियन रिवाइज्ड वर्जन (IRV) उर्दू - 201910 लेकिन जो कुछ हूँ ख़ुदा के फ़ज़ल से हूँ और उसका फ़ज़ल जो मुझ पर हुआ वो बेफ़ाइदा नहीं हुआ बल्कि मैंने उन सब से ज़्यादा मेहनत की और ये मेरी तरफ़ से नहीं हुई बल्कि ख़ुदा के फ़ज़ल से जो मुझ पर था। Viz kapitolaउर्दू हमअस्र तरजुमा10 लेकिन अब मैं जो कुछ हूं, ख़ुदा के फ़ज़ल से हूं और उस का फ़ज़ल जो मुझ पर हुआ बेफ़ाइदा नहीं हुआ, क्यूंके मैंने उन तमाम रसूलों से ज़्यादा मेहनत की और यह मेहनत मैंने अपनी कोशिश से नहीं की बल्के ख़ुदा के फ़ज़ल ने मुझ से वैसे कराई। Viz kapitola |