1 कुरि 12:10 - किताब-ए मुक़द्दस10 वह एक को मोजिज़े करने की ताक़त देता है, दूसरे को नबुव्वत करने की सलाहियत और तीसरे को मुख़्तलिफ़ रूहों में इम्तियाज़ करने की नेमत। एक को उससे ग़ैरज़बानें बोलने की नेमत मिलती है और दूसरे को इनका तरजुमा करने की। Viz kapitolaइंडियन रिवाइज्ड वर्जन (IRV) उर्दू - 201910 किसी को मोजिज़ों की क़ुदरत, किसी को नबुव्वत, किसी को रूहों का इम्तियाज़, किसी को तरह तरह की ज़बाने, किसी को ज़बानों का तर्जुमा करना। Viz kapitolaउर्दू हमअस्र तरजुमा10 किसी को मोजिज़े करने की क़ुदरत दी जाती है, और किसी को नुबुव्वत, किसी को रूहों में इम्तियाज़, किसी को तरह-तरह की ज़बानें बोलने की क़ाबिलीयत, और किसी को ज़बानों का तरजुमा करने की महारत। Viz kapitola |