1 तवारीख़ 16:30 - किताब-ए मुक़द्दस30 पूरी दुनिया उसके सामने लरज़ उठे। यक़ीनन दुनिया मज़बूती से क़ायम है और नहीं डगमगाएगी। Viz kapitolaइंडियन रिवाइज्ड वर्जन (IRV) उर्दू - 201930 ऐ सब अहल — ए — ज़मीन! उसके सामने काँपते रहो। जहान क़ाईम है, और उसे हिलता नहीं। Viz kapitola |