प्रकास 17:14 - चितवनिया थारु14 हुनुका पठवाक विरोधमा लडतइ हसे पठवा हुनुकाके जितबसि, केहकेकि हुने परमप्रभुक प्रभु तके राजासभक राजा हखसि। हुनेसाङे भेलहरवा विस्वासिसभ चाहिँ बलावल, चुनाइल तके विस्वासयोग्य भके हुनेक सेवा करलाहर मन्सेसभ हखइ।” Viz kapitola |