प्रकास 11:19 - चितवनिया थारु19 तब स्वरगमा भेलि परमेस्वरक मन्दिरवा खोलेलइ हसे हुनेक मन्दिरवा भितरा वाचाक सन्दुक देखार भेलइ। वकरपाछा यकसवामा चिलकलइ, डर लागे जोकर स्वर हसे गुरगुरभटभटक यवाजसभ सुनेलइ, भुइचाल गेलइ तके जबड-जबड पथरा परलइ। Viz kapitola |