मतिक लिखल सुसमाचार 18:8 - चितवनिया थारु8 “यगर तोर हथवा कि टङवा तोरके पाप करे लगोबिय, वकरेके काटके फाँकदेसि। दुन्हु हथवा कि दुन्हु टङवा भके कबहुँ हइने बुतइना यगियामा फकइलिसे त बरु एगुडा हाथ कि एगुडा टाङ भके परमेस्वरसाङे सबदिन रहना जिवन पावेके तोर तहिँया यसल हखइ। Viz kapitola |