प्रकाशित वाक्य 21:27 - चुराही नवाँ नियम27 पण कोई बि अशुद्ध चीज तैस शहरा मझ न ऐईंणी। कोई बि शर्मनाक कंम कांनार या झूठ बोलणार तैस शहरा मझ न अईछी सकता। तैड़ि सिर्फ सैहै अईछी सकतै, जैन्हां केरै नाँईयें मेम्नेरी जीवन बाई किताबि मझ लिखोरै भुवै। ऐस किताबि मझ तैन्हांं मैहणुवां केरै नाँ अत्तै, जैन्हां किनि अनन्त जीवन आ। Viz kapitola |