प्रकाशित वाक्य 2:22 - चुराही नवाँ नियम22 ऐठणीरै तेईनी मूं सै रोगी करि दींणी जां जै तैस सिंउ व्यभिचार कातै, ता मूं तेन्हांनि त्यो-तेईनी भयांकर कष्ट दींणै, ज्यो-तेईनी सैक्यै, जै तैस सिंउ बुरा कंम कातै, तेत किना मंन फैरी करि पश्चाताप कांनानि तियार ना भौ गांहथै। Viz kapitola |