याकुब 5:11 - चुराही नवाँ नियम11 तैन्हांं मैहणुवंनी असै बड़ा आदर दींतै, जै धीर धरि करि दुख सहन कातै रींहथै। तुहैं मैहणुवें अय्युबैरै धीरैरै बारै मझ शुणौरू आ जां तुहां पता कि प्रभु अंत मझ तेसैरी किहीं मजत की, जेनि ला ऐ प्रकट भूंतु कि प्रभु क्यौता दयालु जां करूणाय ला भरौरा। Viz kapitola |