मरकुस 12:14 - बृज भासा14 और बिन्नें आयकै बाते कही, “हे गुरू! हम जानतै कै तू सच्चौ है, और लोग का कहेंगे तू जऊ बात की परबाह नांय करत चौंकि तू आदमिन कौ मौंह देखिके बात नांय करै, पर सच्चाई के संग परमेस्वर को रस्ता बतातै जामारै हम तोते पूछबो चाहतै। व्यबस्था के अनुसार का हमें समराठ कूं कर देनौ चहिऐं कै नांय हम दैबे या नांय दैबे?” Viz kapitola |